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(Notification) UP TET : Teacher Eligibility Test Exam-2019

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(Notification) UP TET : Teacher Eligibility Test Exam-2019



1- पृष्ठभूमि और तर्क आधार 

(1) बालकों का निःशुल्क और अनिवार्य शिक्षा का अधिकार अधिनियम की धारा 23 की उप-धारा (1) के प्रावधानों के अनुसार राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद (एनसीटीई) ने दिनांक 23-अगस्त, 2010, दिनांक 29 जुलाई, 2011 एवं दिनांक 28 जन, 2018 की अधिसचना के तहत कक्षा 1 से कक्षा VIII तक शिक्षक के रूप में नियक्ति के लिए पात्र होने हेत किसी व्यक्ति के लिए न्यनतम योग्यताएं निर्धारित की गयी है। निःशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा अधिकार अधिनियम-2009 की धारा-2 (एन) में दिये गये विद्यालयों में अध्यापक के रूप में नियुक्ति के लिए पात्र होने हेतु एक आवश्यक योग्यता यह है कि उसे शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) में उत्तीर्ण होना चाहिए, जिसका आयोजन एनसीटीई द्वारा बनाये गये मार्गदर्शी सिद्धान्तों के अनुसार समुचित सरकार द्वारा किया जायेगा। एन0सी0टी0ई द्वारा दिनांक 11.02.2011 को शिक्षक पात्रता परीक्षा सम्पादित कराये जाने हेतु दिशानिर्देश निर्गत  किये गये हैं। 

(2) उपरोक्त व्यवस्था के अनुपालन में शासनादेश सं0 1263/68-4-2018-2750/ 2012 दिनांक 14.09.2018 द्वारा उ0प्र0 शिक्षक पात्रता परीक्षा 2018 आयोजित कराये जाने हेतु मार्गदर्शी सिद्धान्त निर्गत किये गये थे। गत परीक्षाओं में आने वाली कठिनाईयों एवं ऑनलाइन आवेदन की तकनीकी संरचना, में परिवर्तन किये जाने के कारण पूर्व में जारी मार्गदर्शी सिद्धान्त दिनांक 14.09.2018 को  अतिक्रमित करते हुए नवीन मार्गदर्शी सिद्धान्त जारी किया जा रहा है।

(3) एक शिक्षक के रूप में नियुक्ति का पात्र होने हेतु एक व्यक्ति के लिए न्यूनतम योग्यता के रूप में  टीईटी को शामिल करने का तार्किक आधार इस प्रकार है : 

  • i. यह भर्ती प्रक्रिया में शिक्षक गुणवत्ता का राष्ट्रीय स्तर और मानक लाएगा। 
  • ii. यह शिक्षा संस्थानों व इन संस्थानों के शिक्षक और छात्रों को अपने निष्पादन स्तरों में आगे सुधार के लिए प्रेरित करेगा। 
  • iii. इससे सभी सम्बन्धित को एक सकारात्मक संकेत जायेगा कि सरकार शिक्षक गुणवत्ता पर विशेष जोर दे रही है। 

(4) परीक्षा आयोजित कराने हेतु संस्था का निर्धारण एवं कार्य दायित्व:

  • (1) शासनादेश संख्या 946/15-11-2013-2750/2012 दिनांक 17 अप्रैल 2013 के पत्र द्वारा इस सम्बन्ध में पूर्व में जारी समस्त शासनादेशों तथा मार्गदर्शी सिद्धान्तों को अतिक्रमित करते हुए शिक्षक पात्रता परीक्षा के संचालन/आयोजन की जिम्मेदारी सचिव परीक्षा नियामक प्राधिकारी, उत्तर प्रदेश, प्रयागराज  को दी गयी है। 
  • (2) परीक्षा संस्था के रूप में नामित परीक्षा नियामक प्राधिकारी उत्तर प्रदेश, प्रयागराज द्वारा परीक्षा को  ससमय सम्पन्न कराये जाने हेतु बेसिक शिक्षा/माध्यमिक शिक्षा से सम्बन्धित विभागों/अनुभागों द्वारा  भौतिक, मानवीय एवं वित्तीय संसाधनों हेतु तत्काल प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित की जायेगी।
  • (3) सचिव, परीक्षा नियामक प्राधिकारी उत्तर प्रदेश, प्रयागराज द्वारा विषय विशेषज्ञों का चयन करके प्रश्नपत्रों का निर्माण कराया जायेगा साथ ही मुद्रण व परीक्षाफल भी तैयार कराया जायेगा इस हेतु  एजेन्सी का चयन तथा पारिश्रमिक की दरें भी तय की जायेंगी। 

2- संक्षिप्त नाम 

ये मार्गदर्शी सिद्धान्त "उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (यूपीटीईटी) के रूप में जाने जायेंगे। 

3- परिभाषाएं 

i. "सरकार" का आशय "उत्तर प्रदेश सरकार से है। 
ii. "विद्यालय" का आशय ऐसा कोई विद्यालय जहाँ आरटीआई एक्ट 2009 के अनुसार यूपीटीईटी  लागू है। 
iii. "यूपीटीईटी" का आशय "उत्तर प्रदेश टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट" से है। 
iv. "अर्हक परीक्षा का आशय “परीक्षा जिसके फलस्वरूप अभ्यर्थी उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा के लिए आवेदन करने हेतु पात्र हो जाता है"। 
v."मार्गदर्शी सिद्धान्त" का आशय “उत्तर प्रदेश सरकार के निदेश के तहत यूपीटीईटी के आयोजन हेतु विनिर्दिष्ट सिद्धान्त" से है। 
vi."अनुसूचित जाति" का आशय उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा निर्धारित और विनिर्दिष्ट अनुसूचित जाति" से है। 
vii."अनुसूचित जनजाति' का आशय उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा निर्धारित और विनिर्दिष्ट अनुसूचित जनजाति से है। 
viii"अन्य पिछड़ा वर्ग (अ0पि०व०)" का आशय "उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा निर्धारित और विनिर्दिष्ट अन्य पिछड़ा वर्ग" से है। 
ix."विशिष्ट रूप से सक्षम व्यक्ति" का आशय "उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा निर्धारित और विनिर्दिष्ट विशिष्ट रूप से सक्षम व्यक्ति" से है। 
x."परीक्षा कराने वाला निकाय' का आशय "उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा का आयोजन कराने हेतु राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद उत्तर प्रदेश,लखनऊ की इकाई "परीक्षा नियामक प्राधिकारी, उत्तर प्रदेश, 23 एलनगंज, प्रयागराज" से है। 

4- परीक्षा की अवधि तथा स्वरूप - 

i. परीक्षा की अवधि ढाई घण्टा अर्थात् कुल 150 मिनट होगी। 
ii. परीक्षा के समस्त प्रश्न बहुविकल्पीय होंगे, प्रत्येक प्रश्न के चार विकल्प होगे।
iii. नकारात्मक मूल्यांकन नहीं होगा। 
iv. परीक्षा सामान्यतः वर्ष में कम से कम एक बार आयोजित की जायेगी। .

5- आवेदन पत्र प्रस्तुत करने का माध्यम: 

1. अभ्यर्थी उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा के लिए सचिव परीक्षा नियामक प्राधिकारी उत्तर प्रदेश,प्रयागराज द्वारा निर्धारित वेबसाइट पर लॉगिन करके केवल आनलाइन आवेदन करेंगे, आवेदन फार्म की प्रस्तुति से पहले निम्नलिखित तैयारियाँ आवश्यक है:
(क) अभ्यर्थी के पास आनलाइन आवेदन प्रस्तुत करते समय नवीनतम फोटोग्राफ और हस्ताक्षर (केवल जे0पी0ई0जी0 प्रारूप में) अपलोड करने के लिए स्कैन इमेज होनी चाहिए।
(ख) आवेदन पत्र पूरित करने से पूर्व अभ्यर्थी को, ऑन-लाइन आवेदन प्रक्रिया के सापेक्ष जिसमें परीक्षा शुल्क भी सम्मिलित होगी, आवेदन शुल्क की धनराशि, निर्दिष्ट बैंक की नवीनतम तकनीकी द्वारा निर्धारित भुगतान के माध्यम से, जमा करना अनिवार्य होगा। 
(ग) आवेदन शुल्क जमा करने के बाद आवेदनपत्र की अन्तिम प्रस्तुति के लिए शुल्क जमा करने के  साक्ष्य के रूप में निर्धारित बैंक द्वारा प्राप्त ट्रान्जेक्शन आई.डी. संख्या अभ्यर्थी अपने पास रखेंगे।

पात्रता :

कक्षा 1 से 5 हेतु उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा में आवेदन के लिए न्यूनतम अर्हता:

विधि द्वारा स्थापित एवं यू0जी0सी0 से मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय/महाविद्यालय से स्नातक परीक्षा उत्तीर्ण तथा राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद (N.C.T.E.) से मान्यता के उपरान्त उत्तर प्रदेश शासन से सम्बद्धता प्राप्त संस्था से दो वर्षीय डी0एल0एड (बी0टी0सी0) के अंतिम वर्ष में शामिल होने वाले अथवा उत्तीर्ण अथवा विधि द्वारा स्थापित एवं यू0जी0सी0 से मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय/महाविद्यालय से स्नातक परीक्षा उत्तीर्ण तथा दूरस्थ शिक्षा विधि से अप्रशिक्षित व स्नातक शिक्षामित्रों का द्विवर्षीय बी0टी0सी0 के अंतिम वर्ष में शामिल होने वाले अथवा उत्तीर्ण  अथवा विधि द्वारा स्थापित एवं यू0जी0सी0 से मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय/महाविद्यालय से स्नातक परीक्षा उत्तीर्ण तथा राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद (N.C.T.E.) द्वारा मान्यता प्राप्त संस्था से शिक्षा शास्त्र में दो वर्षीय डिप्लोमा (डी.एड)/भारतीय पुनर्वास परिषद (R.C.I) द्वारा मान्यता प्राप्त संस्था से शिक्षा शास्त्र (विशेष शिक्षा) में दो वर्षीय डिप्लोमा (डी.एड.) के अंतिम वर्ष में शामिल होने वाले अथवा उत्तीर्ण  अथवा विधि द्वारा स्थापित एवं यू0जी0सी0 से मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय/महाविद्यालय से न्यूनतम 50 प्रतिशत अंकों के साथ स्नातक अथवा परास्नातक और एन.सी.टी.ई. से मान्यता प्राप्त संस्था से शिक्षा शास्त्र में स्नातक (बी०एड०) के अंतिम वर्ष में शामिल होने वाले अथवा उत्तीर्ण  अथवा विधि द्वारा स्थापित एवं यू०जी०सी० से मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय/महाविद्यालय से न्यूनतम 45 प्रतिशत अंकों के  साथ स्नातक अथवा परास्नातक तथा शिक्षा शास्त्र में स्नातक (बी0एड0) जो इस सम्बन्ध में समय-समय पर जारी किये गये राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद (मान्यता, मानदण्ड तथा क्रिया विधि) विनियमों के अनुसार प्राप्त किया गया  हो।  अथवा विधि द्वारा स्थापित एवं यू0जी0सी0 से मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय/महाविद्यालय से स्नातक तथा उत्तर प्रदेश में संचालित राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद द्वारा मान्यता प्राप्त विशिष्ट बीण्टी0सी0 प्रशिक्षण के अंतिम वर्ष में शामिल होने वाले अथवा उत्तीर्ण। अथवा विधि द्वारा स्थापित एवं यू0जी0सी0 से मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय/महाविद्यालय से स्नातक तथा उत्तर प्रदेश में संचालित दो वर्षीय बी0टी0सी0 उर्दू विशेष प्रशिक्षण के अंतिम वर्ष में शामिल होने वाले अथवा उत्तीर्ण।  अथवा विधि द्वारा स्थापित एवं यू0जी0सी0 से मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय/महाविद्यालय से स्नातक तथा अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय से डिप्लोमा इन टीचिंग के अंतिम वर्ष में शामिल होने वाले अथवा उत्तीर्ण  
अथवा विधि द्वारा स्थापित एवं यू0जी0सी0 से मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय/महाविद्यालय से स्नातक तथा अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय से दिनांक 11.08.1997 के पूर्व के मोअल्लिम-ए- उर्दू उपाधि धारक (उर्दू शिक्षक हेतु)।  अथवा न्यूनतम 50 प्रतिशत अंकों के साथ इण्टरमीडिएट अथवा इसके समकक्ष तथा चार वर्षीय प्रारम्भिक शिक्षा शास्त्र में स्नातक (बी0एल0एड0) के अंतिम वर्ष शामिल होने वाले अथवा उत्तीर्ण। 

कक्षा 6 से 8 हेतु उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (U.P.TET) में आवेदन हेतु न्यूनतम अर्हता 

विधि द्वारा स्थापित एवं यू0जी0सी0 से मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय/महाविद्यालय से स्नातक परीक्षा उत्तीर्ण तथा राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद (N.C.T.E.) से मान्यता के उपरान्त उत्तर प्रदेश शासन से सम्बद्धता प्राप्त संस्था से दो वर्षीय डी०एल०एड० (बी0टी0सी0) के अंतिम वर्ष में शामिल होने वाले अथवा उत्तीर्ण। 
अथवा विधि द्वारा स्थापित एवं यू0जी0सी0 से मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय/महाविद्यालय से न्यूनतम 50 प्रतिशत अंकों के साथ स्नातक अथवा परास्नातक और एन.सी.टी.ई. से मान्यता प्राप्त संस्था से शिक्षा शास्त्र में स्नातक (बी०एड०) के 
अंतिम वर्ष में शामिल होने वाले अथवा उत्तीर्ण अथवा विधि द्वारा स्थापित एवं यू0जी0सी0 से मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय/महाविद्यालय से न्यूनतम 45 प्रतिशत अंकों के  हो। साथ स्नातक अथवा परास्नातक तथा शिक्षा शास्त्र में स्नातक (बी0एड0) जो इस सम्बन्ध में समय-समय पर जारी किये गये राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद (मान्यता, मानदण्ड तथा क्रिया विधि) विनियमों के अनुसार प्राप्त किया गया  अथवा विधि द्वारा स्थापित एवं यू0जी0सी0 से मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय/महाविद्यालय से न्यूनतम 50 प्रतिशत अंकों के साथ स्नातक अथवा परास्नातक और एन.सी.टी.ई. से मान्यता प्राप्त संस्था/भारतीय पुनर्वास परिषद (R.C.I) द्वारा मान्यता प्राप्त संस्था से शिक्षा शास्त्र (विशेष शिक्षा) के बी०एड० विशेष शिक्षा के अंतिम वर्ष में शामिल होने वाले अथवा उत्तीर्ण। 
अथवा न्यूनतम 50 प्रतिशत अंकों के साथ इण्टरमीडिएट अथवा इसके समकक्ष एवं एन.सी.टी.ई./यू.जी.सी. से मान्यता प्राप्त संस्था से चार वर्षीय बी.ए. एड/बी.ए.बीएड के अंतिम वर्ष में शामिल होने वाले अथवा उत्तीर्ण। 
अथवा न्यूनतम 50 प्रतिशत अंकों के साथ इण्टरमीडिएट अथवा इसके समकक्ष एवं एन.सी.टी.ई./यू.जी.सी. से मान्यता प्राप्त संस्था से चार वर्षीय बी.एस.सी.एड./बी.एस.सी.बीएड के अंतिम वर्ष में शामिल होने वाले अथवा उत्तीर्ण। 
अथवा न्यूनतम 50 प्रतिशत अंकों के साथ इण्टरमीडिएट अथवा इसके समकक्ष एवं चार वर्षीय प्रारम्भिक शिक्षा शास्त्र में स्नातक (बीएल०एड०) के अंतिम वर्ष में शामिल होने वाले अथवा उत्तीर्ण। 
अथवा विधि द्वारा स्थापित एवं यूजी0सी0 से मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय/महाविद्यालय से कम से कम 50 प्रतिशत अंकों के साथ स्नातक और भारतीय पुनर्वास परिषद (R.C.I) द्वारा मान्यता प्राप्त एक वर्षीय बी०एड० (विशेष शिक्षा) में शामिल होने वाले अथवा उत्तीर्ण। 

7. यू0पी0टी0ई0टी0 की संरचना व विषय वस्तु: 

7.1 यू0पी0टी0ई0टी0 में सभी प्रश्न एक सही उत्तर के साथ चार विकल्प वाले बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQs) होंगे, प्रत्येक प्रश्न 1 अंक का होगा। नकारात्मक मूल्यांकन (Negative Marking) नही होगा। यूपीटीईटी के  दो पेपर होंगे। 
(i) प्रथम प्रश्न पत्र (Paper-Ist) ऐसे व्यक्ति के लिए जो कक्षा 1 से 5 तक के लिए शिक्षक बनना चाहते हैं। (प्राथमिक स्तर) 
(ii) द्वितीय प्रश्न पत्र (Paper-IInd) ऐसे व्यक्ति के लिए होगा जो कक्षा 6 से 8 तक के लिए शिक्षक बनना  चाहते हैं। (उच्च प्राथमिक स्तर) ऐसा व्यक्ति जो दोनों स्तर (कक्षा 1 से 5 और कक्षा 6 से 8 तक) के लिए शिक्षक बनना चाहता है, को  दोनो पेपरों (Paper-I and Paper-II) में शामिल होना होगा। 

प्रथम प्रश्न पत्र प्राथमिक स्तर (कक्षा 1 से 5 के लिए) 

(i) परीक्षा की अवधि 2:30 घण्टे अर्थात् 150 मिनट होगी।
(ii) संरचना एवं विषय सूची (सभी अनिवार्य) 

क्रम संख्या  विषय वस्तु प्रश्नों की संख्या  अंक
1 बाल विकास एवं शिक्षण विधि 30 MCQs  30
2 भाषा प्रथम (हिन्दी) 30 MCQs  30
3  भाषा द्वितीय (अंग्रेजी अथवा उर्दू अथवा संस्कृत में से कोई एक 30 MCQs  30
4 गणित  30 MCQs  30
5 पर्यावरणीय अध्ययन 30 MCQs  30
  कुल 150 MCQs  150 अंक

(ii) प्रश्नों की प्रकृति और स्तर 

(क) बाल विकास और शिक्षण विधियों के बारे में प्रश्न 6 से 11 आयु समूह के लिए प्रांसगिक अधिगम एवं अध्यापन के शैक्षिक मनोविज्ञान पर केन्द्रित होंगे, तथा वे विविध शिक्षार्थियों की विशेषताओं और आवश्यकताओं को समझने, शिक्षार्थियों के साथ आपस में परस्पर अन्तक्रिया तथा अधिगम के एक अच्छे फैसिलिटेटर की गुणवत्ताओं और विशेषताओं पर केन्द्रित होंगे। 
(ख)भाषा- I में प्रश्न अनुदेशों के माध्यम से सम्बन्धित निपुणताओं पर केन्द्रित होंगे। 
(ग)भाषा- II, भाषा- I से अलग भाषा होगी। एक अभ्यर्थी द्वारा उपलब्ध भाषा विकल्पों में से किसी एक भाषा का चुनाव किया जायेगा और आवेदन पत्र में इसका विशेष रूप से उल्लेख किया जायेगा। भाषा II में प्रश्न भाषा के तत्वों, सम्प्रेषण और बोध क्षमताओं पर केन्द्रित होंगे। 
(घ)गणित और पर्यावरणीय अध्ययन में प्रश्न इन विषयों की संकल्पनाओं, समस्या समाधान करने की क्षमताओं और शिक्षण-विधियों की समझ पर केन्द्रित होंगे। इन विषय क्षेत्रों में प्रश्न बेसिक शिक्षा परिषद उत्तर प्रदेश द्वारा कक्षा 1 से 5 तक के लिए निर्धारित उस विषय के पाठ्यक्रम के भिन्न-भिन्न खण्डों के विषय में समान रूप से वितरित की जायेगी। 
(ड) पेपर I के लिये परीक्षा में प्रश्न कक्षा 1 से 5 तक के लिए बेसिक शिक्षा परिषद के पाठ्यक्रम में निर्धारित विषयों पर आधारित होंगे, किन्तु उनका कठिनाई स्तर और संयोजन इण्टरमीडिएट स्तर का होगा। 

द्वितीय प्रश्न पत्र उच्च प्राथमिक स्तर (कक्षा 6 से 8 तक के लिए) 

(i) परीक्षा की अवधि 2:30 घंटे अर्थात् कुल 150 मिनट होगी। 
(ii) संरचना एवं विषय सूची (सभी अनिवार्य) 

क्रम संख्या  विषय वस्तु प्रश्नों की संख्या  अंक
1 बाल विकास एवं शिक्षण विधि (अनिवार्य) 30 MCQs  30
2 भाषा प्रथम (हिन्दी) अनिवार्य 30 MCQs  30
3  भाषा द्वितीय (अंग्रेजी अथवा उर्दू अथवा संस्कृत में से कोई एक (अनिवार्य) 30 MCQs  30
4 (क) गणित एवं विज्ञान शिक्षक के लिए गणित/विज्ञान 
(ख) सामाजिक अध्ययन या सामाजिक विज्ञान शिक्षक के लिए 
(ग) अन्य किसी शिक्षक के लिए (क) अथवा (ख) कोई भी 
60 MCQs  60
  कुल 150 MCQs  150 अंक

(i) प्रश्नों की प्रकृति और स्तर 

(1) बाल विकास और शिक्षण विधियों के बारे में प्रश्न 11 से 14 आयु समूह के लिए प्रासंगिक अधिगम और अध्यापन के शैक्षिक मनोविज्ञान पर केन्द्रित होंगे, तथा वे विविध शिक्षार्थियों की विशेषताओं और आवश्यकताओं को समझने, शिक्षार्थियों के साथ परस्पर अन्तक्रिया करने तथा अधिगम के एक अच्छे फैसिलिटेटर की गुणवत्ताओं और विशेषताओं पर केन्द्रित होंगे। 

(2) भाषा I में प्रश्न, अनुदेशों के माध्यम से सम्बन्धित निपुणताओं पर केन्द्रित होंगे। 

(3) भाषा II, भाषा 1 से अलग भाषा होगी। एक अभ्यर्थी द्वारा उपलब्ध भाषा विकल्पों में से किसी एक भाषा का चुनाव किया जायेगा और आवेदन पत्र में इसका विशेष रूप से उल्लेख किया जायेगा। भाषा II में प्रश्न भाषा के तत्वों, सम्प्रेषण और बोध क्षमताओं पर केन्द्रित होंगे। 

(4) गणित और विज्ञान/सामाजिक अध्ययन में प्रश्न इन विषयों की संकल्पनाओं, समस्या समाधान करने की क्षमताओं और शिक्षण विधियों की समझ पर केन्द्रित होंगे। गणित और विज्ञान में 30-30 प्रश्न 01-01 अंक के होंगे। प्रश्न बेसिक शिक्षा परिषद द्वारा कक्षा 6 से 8 के लिए निर्धारित उन विषयों के पाठ्यक्रम के भिन्न-भिन्न खण्ड़ों के विषय में समान रूप से वितरित किये जायेंगे। 

(5) प्रश्न पत्र II के लिए परीक्षा में प्रश्न कक्षा 6 से 8 के लिए बेसिक शिक्षा परिषद के पाठ्यक्रम में निर्धारित विषयों पर आधारित होंगे किन्तु उनका कठिनाई स्तर व संयोजन इण्टरमीडिएट स्तर का होगा। 

UPTET के लिए परीक्षा शुल्क : 

वर्ग केवल पेपर I या II दोनो पेपर I व ॥
सामान्य/ अन्य पिछड़ा वर्ग श्रेणी रू0 600 रू0 1200
अनुसूचित जाति/ अनुसूचित जनजाति रू0 400 रू0 800
विकलांग श्रेणी रू0 100 रू0 200

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